हेलो दोस्तों! आज हम आपके लिए एक बहुत ही स्पेशल और मजेदार आर्टिकल लेकर आए है। जैसे की हम सब जानते है की मकर संक्रांति साल का पहला और खुशियों से भरा त्योहार है। इस त्योहार पर सूर्य देव उत्तरायण होते है। मकर संक्रांति का त्योहार रंग, पतंग और मिठास से जुड़ा त्योहार है। मकर संक्रांति पर लोग पतंग उड़ाते है, तिल-गुड खाते है और एक दूसरों को अच्छी शुभकामनाये देते है। ये त्योहार बच्चों के लिए और भी ज्यादा खास होता है। और इस त्योहार की खुशी को और बढ़ाने के लिए आज हम लेकर आए है मकर संक्रांति के समय पर बच्चों के लिए आसान और मजेदार क्राफ्ट आइडियास।
इन क्राफ्ट को बनाते समय बच्चों की क्रीऐटिवटी बढ़ेगी और उनकी सोचने की क्षमता और भी अच्छी होंगी। साथ ही बच्चों का समय फोन और टीवी से दूर रहेगा। ये क्राफ्ट सिर्फ मनोरजन के लिए ही नहीं बल्कि बच्चों के आतमविश्वास को भी बढ़वा देते है।
धागे से लटकती 3D पतंग

धागे से लटकती 3D पतंग बच्चों के लिए मकर संक्रांति पर बहुत ही मजेदार क्राफ्ट का आइडिया है। यह पतंग कागज से बनाई जाती है और ऊपर सिर्फ धागे की मदद से लटकाई जाती है। जिससे यह हवा में उड़ती हुई असली पतंग की तरह लगती है। हल्की हवा चलने पर यह 3D पतंग धीरे-धीरे हिलती है और देखने में बहुत अच्छी लगती है। इस पतंग को 3D बनाने के लिए एक ही शेप की दो तीन अलग रंगों की पतंगें काटी जाती हैं। फिर उन्हें बीच से हल्का सा मोड़कर आपस में चिपका दिया जाता है। पतंग के ऊपर एक मजबूत धागा लगाया जाता है जो उसे सपोर्ट देता है धागे से लटकती 3D पतंग बच्चों को बहुत पसंद आती है क्योंकि यह हल्की, सुरक्षित और बनने में आसान होती है।
आइसक्रीम की लकड़ी से बना पतंग का ढांचा

आइसक्रीम की लकड़ी से बना पतंग बच्चों के लिए एक बहुत ही मजेदार और क्रिएटिव क्राफ्ट होता है। पतंग को बनाने के लिए आइसक्रीम की लकड़ी का इस्तेमाल किया आता है पहले तो आइसक्रीम की लकड़ी से फ्रेम को तैयार किया जाता है। फ्रेम तैयार होने के बाद उस पर रंगीन कागज या बटर पेपर चिपका दिया जाता है। कागज चिपकाने के बाद बच्चे अपनी पसंद के रंगों से पतंग की सजवाट करते है। नीचे की तरफ धागे या कागज से पतंग की पूंछ लगाई जाती है। जो कि इसे और भी सुंदर बना देती है। आइसक्रीम की लकड़ी से बना पतंग हल्का होने के साथ-साथ मजबूत भी होता है। यह क्राफ्ट बच्चों को बहुत पसंद आता है क्योंकि इसमे बनाना, चिपकाना और सजाना सब कुछ होता है।
ऊन से बना सूर्य क्राफ्ट

ऊन से बना सूर्य बच्चों के लिए बहुत ही आसान काम है। इस क्राफ्ट में पहले गोल आकार का सूर्य बनाया जाता है और उसके चारों तरफ ऊन के धागों से सूर्य की किरणें दिखाई जाती हैं। रंगीन ऊन का इस्तेमाल करने से सूर्य और भी चमकदार और सुंदर लगता है। इस सूर्य को बनाते समय हम ऊन को गोल आकार में लपेटते हैं और फिर छोटे-छोटे धागों को बाहर की तरफ चिपका देते हैं। ऊन मुलायम होती है, इसलिए यह क्राफ्ट बनाना बिल्कुल सुरक्षित होता है। और
बच्चे इसे आसानी से बना लेते है ऊन से बना सूर्य देखने में हल्का कलरफुल और सुंदर दिखता है। ऊन से बना सूर्य मकर संक्रांति पर सूर्य देव के महत्व को समझाने के लिए एक बेहतरीन क्राफ्ट है।
तिल-गुड़ की थाली की सजावट

तिल-गुड की थाली सजावट मकर संक्रांति पर बहुत ही सुंदर लगती है। इस थाली में तिल के लड्डू और गुड़ को अच्छे से सजाकर रखा जाता है। और उसके नीचे रंगीन कागज कपड़े या रंगोली का इस्तेमाल किया जाता है जिससे थाली और भी ज्यादा सुंदर और आकर्षक लगती है। ऐसे में थाली के बीच में तिल-गुड के लड्डू शैप गोल आकार में सजाए जाते है। बच्चे अपनी पसंद से थाली को बिंदी, गोटा , सितारे और रंगीन सजावटी सामान से सजा सकते है। इसी तरह से सजाई हुई थाली एकदम त्योहार / उत्सव पर साफ सुथरी लगती है। तिल गुड की थाली की सजवाट बच्चों को हमारी संस्कृति और परंपरा से जोड़ने का सबसे अच्छा तरीका है।
रंगोली का कागज़ी कोलाज

रंगोली का कागजी कोलाज एक ऐसी क्रिएटिव एक्टिविटी है, जिसमें बच्चे रंगों से नहीं बल्कि कागज के टुकड़ों से रंगोली बनाते हैं। इसमे फर्श पर रंगोली बनाना नहीं होता बल्कि कागज पर ही पूरी रंगोली तैयार की जाती है इस वजह से यह गतिविधि साफ सुरक्षित है। बच्चे इस कोलाज के लिए पहले एक सादे कागज पर रंगोली का हल्का सा डिज़ाइन बनाते है। उसके बाद रंगीन कागजों को छोटे टुकड़ों में काटकर डिजाइन के अंदर चिपकाया जाता है। जब अलग-अलग रंग के कागज सही जगह पर लागए जाते है तो रंगोली बहुत ही सुंदर दिखने लगती है। रंगोली का कागजी कोलाज बच्चों को रंगों की समझ, धैर्य और रचनात्मकता सिखाता है। यह क्राफ्ट मकर संक्रांति और दूसरे त्योहारों पर क्लासरूम या घर की सजावट के लिए बहुत ही अच्छा आइडिया है।
संक्रांति शुभकामना बैनर

मकर संक्रांति के मौके पर बच्चे आसानी से एक सुंदर शुभकामना बैनर बना सकते है। इस बैनर को स्कूल, क्लास रूम या घर की सजावट के लिए भी इस्तेमाल किया जा सकता है। बैनर बनाना बच्चों के लिए एक मज़ेदार, रचनात्मक, गतिविधि है। बैनर को सजावट करने के लिए बच्चे रंगीन पेपर से पतंग काटकर बैनर पर चिपका सकते है। और इसके अलावा सूरज, ढोल, तिल-गुड और खेत के सरल ड्रॉइंग भी बना सकते है। क्योंकि ये सब चीजे मकर संक्रांति से जुड़ी हुई होती है। इस तरह के बैनर बनाना बच्चों के लिए आसान भी होता है और साथ ही साथ उन्हे मकर संक्रांति के त्योहार और महत्व के बारे में समझाता है।
मिनी फेस्टिवल इन्विटैशन कार्ड

मिनी फेस्टिवल इन्विटैशन कार्ड बनाना बच्चों के लिए एक क्राफ्ट गतिविधि है। इन कार्डों का इस्तेमाल मकर संक्रांति जैसे छोटे त्योहार के लिए किया जा सकता है। इससे बच्चे लिखना, डिजाइन करना और अच्छा सोचना सीख सकते है। कार्ड के पहले पेज पर बच्चे पतंग, सूरज ड्रॉइंग बना सकते है। और कार्ड के अंदर सिम्पल निमंत्रण लिखा जा सकता है। लास्ट में कार्ड को स्टिकर, स्टार या छोटे बॉर्डर डिजाइन से सजावट कर सकते है। इस तरह के कार्ड बनाना बहुत ही अच्छे होते हैं।
अखबार से पतंग बनाना

मकर संक्रांति में पतंग का खास महत्व होता है। इस मौके पर बच्चे पुराने अखबार का इस्तेमाल करके एक आसान पतंग बना सकते है। यह ऐक्टिविटी बच्चों को सिखाती है कि बेकार चीज़ों से भी कुछ न कुछ अच्छा बनाया जा सका है। अखबार की पतंग पर बच्चे अपनी मर्जी से सजावट कर सकते है। वो इस पर रंग, डॉट्स या नाम भी लिख सकते हैं। सिम्पल सजावट से पतंग और भी ज्यादा सुंदर लगती है। इस तरह की पतंग को बनाना बच्चों के लिए बहुत ही मजेदार होता है। ये क्राफ्ट मकर संक्रांति सेलब्रैशन को और भी ज्यादा यादगार बना देते है।
कागज से गन्ने का क्राफ्ट बनाना

मकर संक्रांति के त्योहार पर गन्ना एक महत्वपूर्ण चीज़ होती है। कागज का इस्तेमाल करके आसानी से गन्ने का मॉडल बना सकते है। ये क्राफ्ट बनाना आसान भी है और बच्चों के लिए मजेदार भी है। इस क्राफ्ट के लिए बच्चे हरे रंग का पेपर लेते है और लंबी स्ट्रिप में काट लेते है। इन स्स्ट्रिप्स को रोल करके चिपकाया जाता है। जिससे गन्ने की लंबी आकार बन जाती है। नीचे बेस के लिए थोड़ा मोटा पेपर या कार्डबोर्ड इस्तेमाल किया जा सकता है। इस तरह का क्राफ्ट बच्चों को भारतीय त्योहार खेती से जुड़ी चीजों के बारे में सिखाता है।
दाल चावल वाली पतंग बनाना

दाल-चावल वाली पतंग एक अनोखी, पर्यावरण-अनुकूल, गतिविधि है। जो बच्चे मकर संक्रांति पर बना सकते है। इसके लिए चार्ट पर पतंग की आकार बनाकर उस पर फेविकोल लगाया जाता है। उसके बाद पतंग का एक हिस्से में चावल और दूसरे हिस्से में दाल चिपकाई जाती है और सूखने के बाद पतंग के किनारों पर रंगीन स्केच पेन से बॉर्डर बना देते है। और नीचे धागा चिपका देते है। इस क्राफ्ट से बच्चे अनाज की पहचान भी सीखते है और साथ ही पतंग के त्योहार को भी समझते है। ये पतंग सजावट, कक्षा, प्रदर्शन के लिए बहुत अच्छी है।
